किसी भी संस्थान के लिए लाभ ही मूल मंत्र होता है।जो
उसके परिचालनगत सामर्थ और स्थाईत्व परप्रकाश डालता है।इसलिए हमारे बैंक का मिशन भी
वही है कि कारबार और लाभप्रदता में सतत वंद्धि करते हुए सर्वोत्तम श्रेणी का बैंक
कहलाना।लाभप्रदता किसी भी संस्थान की परिचालनगत क्षमता को दर्शाता है।यदि उचित लाभ
के बिना संवृद्धि हो रही है तो यह माना जाएगा किबैंकिंग कारबार सही तरीके से नही
हो रहा है।बैंक जैसी संस्थानों के लिए यह आवश्यक है कि वह लाभ में लगातार वृद्धि
करते रहे इसके लिए यह हो सकता है कि बैंक को हाई रिस्क जैसे ऋण प्रदान करने वाले
कार्य भी करने पड़े।
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